पीएम मोदी और पीएम जेटन ने होर्मुज संकट और पश्चिम एशिया संघर्ष पर की चर्चा

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और नीदरलैंड के प्रधानमंत्री रॉब जेटन ने पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष और होर्मुज स्ट्रेट की स्थिति पर विस्तृत चर्चा की। दोनों नेताओं ने इस बात पर जोर दिया कि वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति और आर्थिक स्थिरता के लिए क्षेत्रीय तनाव को जल्द समाप्त करना जरूरी है।

पीएम मोदी ने भारत और नीदरलैंड के संबंधों को और आगे बढ़ाकर रणनीतिक साझेदारी में बदलने का फैसला किया। पीएम जेटन ने कहा कि मौजूदा वैश्विक अनिश्चितता के दौर में नीदरलैंड के लिए भारत जैसे समान सोच वाले और भरोसेमंद साझेदार का साथ बेहद महत्वपूर्ण है।

होर्मुज संकट पर जताई चिंता

प्रधानमंत्री जेटन ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कहा कि भारत और नीदरलैंड दोनों लोकतंत्र, सुशासन और नियम आधारित वैश्विक व्यवस्था को महत्व देते हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के साथ हुई बातचीत में होर्मुज स्ट्रेट के बंद होने से बढ़ती ऊर्जा कीमतों पर चर्चा हुई। उन्होंने कहा कि इस संकट का असर भारत और नीदरलैंड दोनों पर पड़ा है, इसलिए संघर्ष खत्म करने और स्थायी समाधान निकालने की जरूरत है।

इंसिया मामले पर भी हुई चर्चा

दोनों नेताओं के बीच इंसिया मामले पर भी बातचीत हुई। इंसिया एक भारतीय मूल की बच्ची है, जिसे उसके जैविक पिता द्वारा नीदरलैंड से भारत लाए जाने का मामला अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चा में रहा है। इस मामले में भारत और नीदरलैंड की अदालतों में लंबी कानूनी प्रक्रिया चली थी और बॉम्बे हाईकोर्ट ने बच्ची को उसकी मां को सौंपने का निर्देश दिया था।

रक्षा और समुद्री सुरक्षा सहयोग पर जोर

प्रधानमंत्री मोदी ने एक्स पर कहा कि प्रधानमंत्री जेटन के साथ उनकी बातचीत में रक्षा और सुरक्षा सहयोग भी अहम विषय रहा। उन्होंने रक्षा उद्योग के लिए जल्द एक्शन प्लान तैयार करने की संभावना पर चर्चा की। पीएम मोदी ने कहा कि दोनों देश अंतरिक्ष यात्रा, समुद्री प्रणाली और समुद्री सुरक्षा जैसे क्षेत्रों में भी मिलकर काम कर सकते हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *