
त्योहारी सीजन के बीच सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट का सिलसिला लगातार जारी है। हफ्ते के आखिरी कारोबारी दिन शुक्रवार को घरेलू और अंतरराष्ट्रीय दोनों बाजारों में कीमती धातुओं पर दबाव देखने को मिला। अमेरिका में महंगाई के अपेक्षा से अधिक रहने, फेडरल रिजर्व के दिसंबर में ब्याज दर बढ़ाने की संभावनाओं और ऊंची बॉन्ड यील्ड के चलते एमसीएक्स पर गोल्ड और सिल्वर में 3,000 रुपए तक की गिरावट दर्ज की गई। इसका फायदा फिलहाल धनतेरस और दिवाली से पहले खरीदारी की तैयारी कर रहे उपभोक्ताओं को मिल रहा है।
अंतरराष्ट्रीय बाजार कॉमेक्स में सोना करीब 0.28 प्रतिशत गिरकर 4,020 डॉलर प्रति औंस पर कारोबार करता दिखा, जबकि चांदी 1.20 प्रतिशत टूटकर 51.750 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गई।
अमेरिकी कोर पीसीई महंगाई सितंबर में 0.3 प्रतिशत बढ़ी, जबकि वार्षिक दर 3.1 प्रतिशत पर पहुंच गई। इसके साथ ही तीसरी तिमाही में अमेरिकी अर्थव्यवस्था की 3.4 प्रतिशत वृद्धि ने यह संकेत दिया है कि फेडरल रिजर्व ब्याज दरों को लंबे समय तक ऊंचा रख सकता है। बाजार अब दिसंबर में फेड की ओर से दर बढ़ोतरी की संभावना 80 प्रतिशत से अधिक मान रहा है, जिससे गैर-ब्याज देने वाली संपत्तियों जैसे सोने पर दबाव बना हुआ है।

