रायपुर। प्रदेश कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि शिक्षा मंत्री बताये जिन शिक्षकों का बलौदाबाजार भाटापारा, दुर्ग, बेमेतरा, सारंगढ़ बिलाईगढ़, गौरेला पेंड्रा मरवाही, रायपुर, बलरामपुर रामानुजगंज, राजनांदगांव, बस्तर कांकेर, बालोद, धमतरी, कबीरधाम सरगुजा छुईखदान, गंडई में ट्रांसफर की गई है वो वाकई में फर्जी है या ट्रांसफर के बदले चढ़ोत्तरी तय हुई थी वो नही पहुँचा इसलिये फर्जी बताकर ट्रांसफर सूची निरस्त की जा रही है। शिक्षको पर चढ़ावा पहुँचाने दबाव डाला जा रहा है? क्या प्रदेश शिक्षा विभाग मुख्यालय और जिला शिक्षा अधिकारी के बीच तालमेल की कमी है? शिक्षकों की ट्रांसफ़र आदेश क्या जिला शिक्षा अधिकारी को विभागीय तौर पर उपलब्ध नहीं कराई जाती? शिक्षा मंत्री को इसका जवाब देना चाहिये?
प्रदेश कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि शिक्षा विभाग में तमाशा चल रहा है। एआई से फर्जी ट्रांसफ़र आदेश जारी कर दर्जनों शिक्षको की ट्रांसफर होने का दावा किया जा रहा है। जो सत्य से कोषों दूर है। शिक्षकों ने नये स्थान पर ज्वाईन भी कर लिया। तब शिक्षा विभाग के जिम्मेदारों को होश आया कि उन शिक्षकों का ट्रांसफर नही हुआ है। ये सब उगाही का तरीका है। ये हाल शिक्षा विभाग का है, तभी प्रदेश के स्कूलों की शिक्षा व्यवस्था बदहाल है। न पर्याप्त शिक्षक है, न समय पर पुस्तक मिल पाता हैं, न प्रश्न पत्र छपता है, न अव्यवस्था सुधरती है। भगवान भरोसे शिक्षा विभाग चल रहा है इसलिये शिक्षा की गुणवत्ता खराब हो रही है। क्योंकि जिम्मेदार लोगों को ही विभाग में क्या हो रहा है पता नही है? सब काली कमाई में लगे हुए है।

