कोलकाता। तृणमूल कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि सभी हिंदू लोग मुसलमानों के खिलाफ नहीं हैं, बल्कि कुछ राजनेता ऐसे हैं जो धर्म के नाम पर ‘सौदागरी’ करते हैं। मुख्यमंत्री ने वामपंथियों पर निशाना साधते हुए कहा, ‘‘लाल और भगवा एक हो गए हैं। लेकिन निश्चिंत रहें, मैं आपको कोई नुकसान होने नहीं दूंगी।’’ उन्होंने दावा किया कि पश्चिम बंगाल में विपक्षी दल ‘राम और वाम’ (भाजपा और वामपंथी दल) दंगे भड़काने की कोशिश कर रहे हैं।
बनर्जी ने कहा, ‘‘उनकी योजना दंगों को भड़काने की है और मेरा काम दंगों को रोकना है। दंगे रोकिए। अगर आप दंगे रोक सकते हैं तो वे खुद ही गायब हो जाएंगे। उनके जाल में मत फंसिए।’’ उन्होंने वाम दलों पर निशाना साधते हुए कहा, ‘‘शर्म की बात है कि धर्मनिरपेक्षता की बात करने वाले वामपंथी दलों ने भगवा खेमे से हाथ मिला लिया है। उन्हें हाथ मिलाने दें। हम अकेले दम पर लड़ेंगे।’’उन्होंने सद्भाव और एकता के महत्व पर बल दिया और बार-बार जोर देते हुए कहा, ‘‘उकसावे में न आएं।’’
चंद्रमा का कोई धर्म नहीं होता
इस मौके पर तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी ने पिछले लोकसभा चुनाव में भाजपा को रोकने के लिए पार्टी की एकजुटता पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा, ‘‘पिछले (2024) लोकसभा चुनावों में, हमने मिलकर भाजपा को रोका।’’ उन्होंने अंतरधार्मिक एकता पर जोर देते हुए कहा, ‘‘चंद्रमा का कोई धर्म नहीं होता।’’ उन्होंने कहा, ‘‘हिंदुस्तान हिंदू, मुस्लिम, सिख, ईसाई और हर एक व्यक्ति के लिए एक समान है।’’
डायमंड हार्बर के सांसद ने लोगों से एकजुट रहने का आह्वान करते हुए कहा, ‘‘हमें एकता बनाए रखनी चाहिए और मिलकर रहना चाहिए। मैं अपनी जान दे दूंगा, लेकिन अपने सिद्धांतों से नहीं भटकूंगा।’’ दोनों नेताओं ने इस बात पर जोर दिया कि तृणमूल कांग्रेस राज्य में विभाजन पैदा करने और सांप्रदायिक राजनीति को बढ़ावा देने के प्रयासों से लड़ती रहेगी।

