खरोरा की प्रतिभा की धूम विदेशो तक, पं अंजू पाण्डेय अश्रु को नेपाल से मिला मातृभाषा रत्न अंतर्राष्ट्रीय मानद उपाधि सम्मान

काठमांडू । खरोरा रायपुर की लोकप्रिय कवयित्री तथा समाज सेविकापं अंजू पाण्डेय अश्रु को नेपाल के काठमांडू में सम्मानित किया गया है। आज अंतर्राष्ट्रीय मातृभाषा दिवस के अवसर पर नेपाल की प्रसिद्ध संस्था शब्द प्रतिभा बहुक्षेत्रीय सम्मान फाउंडेशन नेपाल द्वारा पं अंजू को मातृभाषा रत्न मानद उपाधि सम्मान से सम्मानित किया गया है। नेपाल भारत मैत्री विकास, देवनागरी लिपि के संरक्षण संवर्द्धन, नेपाल भारत की मैत्री भाषा हिंदी/नेपाली के वैश्विक प्रचार प्रसार तथा देश विदेश के कवि, लेखक, साहित्यकार और शिक्षकों को अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से आज अंतर्राष्ट्रीय मातृभाषा दिवस के अवसर पर नेपाल, भारत सहित 5 देश के एक हजार प्रतिभाओं को मातृभाषा रत्न मानद उपाधि सम्मान, तथा मातृभाषा गौरव सम्मान प्रदान कर सम्मानित किया गया है। इस अवसर पर अंचल कवयित्री, शिक्षिका, समाजसेवी पं अंजू जी को प्रशस्ति पत्र सर्टिफिकेट प्रदान कर सम्मानित किया गया है। उनकी अभी तक कई एकल साझा कृतियां प्रकाशित हुई तथा अनेक राज्यों में काव्यपाठ लिया तथा अंतर्राष्ट्रीय काव्य लेखन चैलेंज प्रतियोगिता भी जीत चुकी है, अभी वे मातृभाषा, अवधी भाषा के संवर्धन के साथ रामायण के विभिन्न प्रसंगों काव्य लेखन कर रही है ।कई साहित्यिक तथा सामाजिक संस्थाओं से आबद्ध पं अंजू को दर्जनों प्रतिष्ठित सम्मान भी मिल चुके हैं। उन्हें मातृभाषा रत्न सम्मान की बधाई देते हुए संस्था के अध्यक्ष आनन्द गिरि मायालु ने कहा – शब्द प्रतिभा का उद्देश्य है प्रतिभाओं का प्रोत्साहन कर उनमें नव ऊर्जा का विकास करना इसी कड़ी में आज हमारी संस्था के द्वारा खरोरा छत्तीसगढ़ की लोकप्रिय, शिक्षिका एवं कवयित्री पं अंजू पाण्डेय का मातृभाषा रत्न अंतरराष्ट्रीय सम्मान से सम्मानित होना गौरव का विषय है। ज्ञात हो कि अश्रु एक कुशल लेखिका है इनकीज्वलंत विषयों लिखी कविताएं समाज को सकारात्मक संदेश देती है। बहुमुखी प्रतिभा की धनी पं जैसी प्रतिभाशाली रचनाकारों को राज्य की ओर से सम्मान प्रदान कर प्रोत्साहित करने की आवश्यकता है। पं अंजू के सम्मान की खबर पाकर उनके परिजनों तथा मित्रों ने बधाई और शुभकामनाएं दी है।

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