क्वेटा.बलूचिस्तान के चागई जिले में रविवार शाम एक बड़ा हमला हुआ। इस हमले में बलोच लिबरेशन फ्रंट (बीएलएफ) ने पहली बार एक महिला फिदायीन का इस्तेमाल करते हुए फ्रंटियर कॉर्प्स (FC) के अत्यधिक सुरक्षा वाले परिसर पर धावा बोला। यह वही परिसर है जहां चीन के तांबा एवं सोना खनन परियोजनाओं- सैंदक और रेको दिक से जुड़े केंद्र स्थित हैं। हमले में छह पाकिस्तानी सुरक्षाकर्मियों के मारे जाने की खबर है, हालांकि पाकिस्तानी अधिकारियों ने अब तक इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।
बीएलएफ ने हमले की जिम्मेदारी लेते हुए आत्मघाती हमलावर की तस्वीर भी जारी की, जिसकी पहचान जरीना रफीक उर्फ तुंग महो के रूप में की गई है। उसने परिसर के बैरियर पर खुद को विस्फोट कर उड़ाया, जिससे भीतर घुसे विद्रोही लड़ाकों के लिए रास्ता साफ हुआ।
यह बीएलएफ के लिए इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि अब तक आत्मघाती हमलों की रणनीति केवल बलोच लिबरेशन आर्मी (BLA) के मजीद ब्रिगेड द्वारा अपनाई जाती थी। मजीद ब्रिगेड ने हाल के वर्षों में जाफर एक्सप्रेस हाइजैक सहित कई बड़े हमले किए हैं।

