तिल्दा नेवरा. खरोरा राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष (100 वर्ष) पूर्ण होने के उपलक्ष्य में तिल्दा खंड के माठ मंडल में विजयादशमी उत्सव एवं भव्य पथ संचलन का आयोजन उत्साह और अनुशासन के साथ संपन्न हुआ। यह आयोजन संघ के शताब्दी वर्ष की दिशा में समाज संगठन, सेवा और राष्ट्र जागरण के उद्देश्य को समर्पित रहा।कार्यक्रम का शुभारंभ शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला माठ के प्रांगण में शाखा लगने के बाद हुआ। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि सत्यनारायण गुप्ता (संचालक, हरगुन सोलर प्लांट) तथा मुख्य वक्ता त्रिभुवन नारायण (विभाग व्यवस्था प्रमुख, रायपुर विभाग) रहे। आयोजन का मार्गदर्शन देवेन्द्र ठाकुर (जिला संघचालक) ने किया। उपस्थित स्वयंसेवकों को अतिथियों द्वारा प्रेरणादायी विचार प्राप्त हुए।मुख्य वक्ता त्रिभुवन नारायण ने अपने उद्बोधन में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के संस्थापक डॉ. हेडगेवार के जीवन पर प्रकाश डालते हुए कहा कि उन्होंने देश और समाज की दयनीय स्थिति देखकर डॉक्टरी पेशे को त्याग दिया और देश की ‘बीमारी’ को दूर करने का संकल्प लिया। नागपुर में 17 स्वयंसेवकों के साथ विजयादशमी के दिन राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की स्थापना की।उन्होंने बताया कि सीमित संसाधनों के बावजूद डॉ. हेडगेवार ने अपना संपूर्ण जीवन राष्ट्रसेवा को समर्पित किया और समाज में एकता व संगठन का संदेश फैलाया। उनके पश्चात माधवराव सदाशिवराव गोलवलकर (गुरुजी) ने भारतभर में भ्रमण कर संघ कार्य को गति दी। गुरुजी के मार्गदर्शन में संघ ने विहिप, भाजपा, विद्यार्थी परिषद, विद्या भारती जैसे अनेक संगठनों के माध्यम से समाज में व्यापक विस्तार प्राप्त किया।
माठ मंडल में विजयादशमी उत्सव एवं भव्य पथ संचलन का आयोजन

